घरघोड़ा। फाइलेरिया (हाथीपांव) जैसी गंभीर एवं विकलांगता उत्पन्न करने वाली बीमारी के उन्मूलन के उद्देश्य से राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के तहत घरघोड़ा विकासखंड में 10 फरवरी से 25 फरवरी तक सामूहिक दवा सेवन अभियान संचालित किया जाएगा।

इस अभियान के अंतर्गत क्षेत्र की 95,439 जनसंख्या को कवर करने तथा लगभग 80,000 लोगों को दवा सेवन कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
अभियान को सफल बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा व्यापक तैयारियां की गई हैं।
नागरिकों की सुविधा के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों, स्कूलों, कॉलेजों एवं सार्वजनिक स्थलों पर कुल 447 बूथ स्थापित किए गए हैं, जहां प्रशिक्षित दवा वितरकों द्वारा निःशुल्क दवा का वितरण एवं मौके पर ही सेवन कराया जाएगा, ताकि अधिकतम लोग इसका लाभ उठा सकें।
यह अभियान अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) दुर्गा प्रसाद अधिकारी के नेतृत्व, खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. एस. आर. पैकरा के मार्गदर्शन तथा पर्यवेक्षक रोहित डंडसेना की निगरानी में संचालित किया जाएगा। साथ ही संदिग्ध मरीजों की पहचान एवं जांच के लिए विशेष सर्वे टीमों की तैनाती की गई है, जो घर-घर जाकर स्वास्थ्य परीक्षण और सर्वेक्षण करेंगी।
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार सभी दवा वितरकों का प्रशिक्षण पूर्ण कर लिया गया है। उन्हें दवा सेवन की विधि, आवश्यक सावधानियों एवं लोगों को जागरूक करने संबंधी निर्देश दिए गए हैं।
फाइलेरिया मच्छरों के माध्यम से फैलने वाली बीमारी है, जिससे शरीर के अंगों में सूजन और स्थायी विकलांगता हो सकती है, लेकिन समय पर दवा सेवन से इससे बचाव संभव है।
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अभियान में बढ़-चढ़कर भाग लें, स्वयं दवा लें और अपने परिवार व आसपास के लोगों को भी प्रेरित करें। सामूहिक सहभागिता से ही फाइलेरिया मुक्त समाज का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
स्वास्थ्य विभाग का संदेश – “दवा खाएं, फाइलेरिया भगाएं, स्वस्थ जीवन अपनाएं।”
