जिले के कुल 2 हजार 264 हितग्राही हुए लाभान्वित, कार्यक्रम में सांकेतिक रूप से 10 हितग्राहियों को दिया गया खातों में राशि हस्तांतरण प्रमाण पत्र जिला स्तरीय राशि वितरण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शामिल हुए हितग्राही और जनप्रतिनिधि
मोहला 27 मार्च 2026मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत बलौदा बाजार के पंडित चक्रपाणि शुक्ल हायर सेकेंडरी स्कूल मैदान में आयोजित प्रदेश स्तरीय राशि वितरण कार्यक्रम में रिमोट का बटन दबाकर राज्य के 4 लाख 95 हजार 965 हितग्राहियों के खाते में 495 करोड़ 96 लाख 50 हजार रुपए हस्तांतरित किए।
रिमोट का बटन दबाते ही जिले के हितग्राहियों के खातों में 10 हजार रुपए की राशि अंतरित हुई।
इनमें तहसील मोहला के 457, तहसील मानपुर के 681, तहसील चौकी के 748, तहसील खड़गांव के 164 एवं तहसील औंधी के 214 हितग्राही शामिल हैं।
इस तरह जिले के कुल 2 हजार 264 हितग्राही लाभान्वित हुए। कार्यक्रम में सांकेतिक रूप से 10 हितग्राहियों को उनके खातों में राशि हस्तांतरण का प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।
जिला स्तरीय राशि वितरण कार्यक्रम जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह के मुख्य आतिथ्य में कलेक्ट्रेट कार्यालय सभा कक्ष में आयोजित हुआ। कार्यक्रम में अपर कलेक्टर श्री जी. आर. मरकाम, डिप्टी कलेक्टर श्री डीआर ध्रुव सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित थे।
जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती नम्रता सिंह ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि शासन दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के माध्यम से भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक रूप से सशक्त बना रहा है। हमें इस सहयोग राशि का बेहतर उपयोग कर अपने जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना होगा।
समाज के समग्र विकास में हम सभी की भागीदारी आवश्यक है। जिला स्तरीय कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का लाइव प्रसारण देखा।
दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए शुरू की गई एक प्रमुख योजना है। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों के भूमिहीन कृषि श्रमिकों को संबल प्रदान करना है।
इसके तहत पात्र हितग्राहियों को प्रतिवर्ष 10 हजार रुपए की वित्तीय सहायता सीधे उनके बैंक खातों में दी जाती है।इस योजना में भूमिहीन कृषि मजदूरों के साथ वनोपज संग्राहक भूमिहीन परिवार, चरवाहा, बढ़ई, लोहार, मोची, नाई, धोबी आदि पौनी-पसारी व्यवस्था से जुड़े परिवार भी शामिल हैं।
इसके अलावा अनुसूचित क्षेत्रों में आदिवासियों के देवस्थलों में पूजा करने वाले पुजारी, बैगा, गुनिया, मांझी परिवारों को भी शामिल किया गया है।- हितग्राहियों ने साझा किए योजना के लाभ एवं जीवन में आए बदलावकार्यक्रम के दौरान मोहला विकासखंड के ग्राम माडिंग-पिडिंग भूर्सा की हितग्राही श्रीमती शशि श्रीवास ने बताया कि शासन द्वारा संचालित यह योजना हम जैसे भूमिहीन मजदूर वर्ग के लिए अत्यंत उपयोगी है।
इससे हमें आर्थिक संबल प्राप्त होता है, जिससे हम अपनी आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने में सक्षम हो पाते हैं।
ग्राम कुंजामटोला निवासी हितग्राही श्री तीजलाल टाड़िया ने बताया कि योजना के अंतर्गत प्राप्त 10 हजार रुपए की राशि का उपयोग वे अपने बच्चे की पढ़ाई-लिखाई में करेंगे। उन्होंने योजना से मिल रहे लाभ के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।
