रायगढ़, 17 फरवरी।जहां एक तरफ लोग टीवी पर इंग्लैंड-इटली का मैच देख रहे थे, वहीं दूसरी तरफ बोईरदादर इंडस्ट्रियल एरिया की एक फैक्ट्री में “मोबाइल प्रीमियर लीग” चल रही थी।

फर्क बस इतना था कि यहां बल्ला-गेंद नहीं, बल्कि आईफोन और वन प्लस से चौके-छक्के लगाए जा रहे थे। लेकिन इस डिजिटल पारी पर शशि मोहन सिंह की टीम ने ऐसा यार्कर फेंका कि दो सट्टा खाईवाल सीधे पुलिस की गिरफ्त में आ गए।
📱 फैक्ट्री के कमरे में चल रही थी “ऑनलाइन पारी”थाना चक्रधरनगर और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने श्याम फिनाइल उद्योग के एक कमरे में छापा मारा, जहां विकास अग्रवाल उर्फ फून्नु और विनय अग्रवाल तीन मोबाइल फोन के जरिए ऑनलाइन सट्टे का “स्कोर बोर्ड” संभाल रहे थे।
बताया जाता है कि इंग्लैंड-इटली मैच पर मोबाइल के जरिए लाइव दांव लिए जा रहे थे — यानी रन से ज्यादा रेट की चर्चा थी!💸 ₹2000 कैश, ₹82,000 का डिजिटल जुगाड़पुलिस ने मौके से ₹2000 नगद और तीन मोबाइल (आईफोन, वन प्लस, ओप्पो) जब्त किए, जिनकी कुल कीमत करीब ₹82,000 आंकी गई है।
इतनी हाई-टेक व्यवस्था देखकर लगता है कि सट्टा अब “स्टार्टअप मॉडल” पर चल रहा था — कम कैश, ज्यादा कैलकुलेशन!
🏃 एक पार्टनर फरार, तलाश जारी पूछताछ में तीसरे साथी गगन अग्रवाल (निवासी खरसिया) का नाम सामने आया है, जो फिलहाल “रन आउट” होने से बचते हुए फरार है। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।
⚖️ कानूनी पिच पर अगली पारी आरोपियों के खिलाफ थाना चक्रधरनगर में अपराध क्रमांक 52/2026, धारा 7 छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। अब अगली पारी कोर्ट की पिच पर खेली जाएगी।
🚨 एसएसपी का सीधा संदेश — “नो बॉल नहीं चलेगी”एसएसपी शशि मोहन सिंह ने साफ कहा है —“ऑनलाइन सट्टा और जुए जैसे अवैध कारोबार में संलिप्त किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस हर डिजिटल गली तक पहुँचेगी।
”📝 निष्कर्ष (व्यंग्य में गंभीर संदेश)रायगढ़ में अब सट्टा खाईवालों को समझ लेना चाहिए कि मैच भले टीवी पर खेला जाए, लेकिन अगर दांव मोबाइल पर लगाया तो पुलिस का “तीसरा अंपायर” कभी भी स्क्रीन पर आ सकता है।
डिजिटल इंडिया में सट्टा भी डिजिटल हुआ है, पर कानून अब भी एनालॉग सख्ती से लागू हो रहा है!
