
/रायगढ़।घरघोड़ा क्षेत्र में चोरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा मामला घरघोड़ा-धरमजयगढ़ मार्ग पर स्थित कंचनपुर शासकीय कॉलोनी का है, जहां बीती रात एक बार फिर चोरों ने पांच घरों के ताले तोड़कर बड़ी वारदात को अंजाम दिया।

सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि यह कॉलोनी पहले से ही दो बार चोरों का शिकार बन चुकी है और अब तीसरी बार यहां चोरी हुई है।इस बार नायब तहसीलदार और पटवारी सहित कुल पांच अधिकारियों के सरकारी आवासों को चोरों ने अपना निशाना बनाया है।

इससे पहले पहली बार सात घरों में और दूसरी बार तीन घरों में चोरी हुई थी, लेकिन आज तक किसी भी वारदात का खुलासा नहीं हो पाया है। न ही किसी आरोपी की गिरफ्तारी हो सकी है।
स्थानीय लोगों और कॉलोनीवासियों का कहना है कि पुलिस की लापरवाही और कमजोर कार्यप्रणाली के कारण चोरों के हौसले बुलंद होते जा रहे हैं। अधिकारी अपने कर्तव्यों के लिए रोज अपने घरों से बाहर रहते हैं, लेकिन अब वे अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर भी चिंतित हैं।
लगातार तीसरी चोरी के बाद परिवार के लोग असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।कॉलोनी में रहने वाले कर्मचारी और अधिकारी अब हर रात डर के साए में जीने को मजबूर हैं।
न तो रात्रि गश्त है, न ही कोई सुरक्षा इंतजाम। लोग खुलेआम कह रहे हैं कि पुलिस की चुप्पी इस बात की ओर इशारा करती है कि या तो तंत्र पूरी तरह विफल हो चुका है, या फिर मिलीभगत से इनकार नहीं किया जा सकता।
चोरों के खुलकर चुनौती देने वाले अंदाज और प्रशासन की निष्क्रियता पर अब सवाल उठने लगे हैं। यदि जल्द ही कार्रवाई नहीं हुई तो लोगों में प्रशासन के प्रति विश्वास पूरी तरह टूट सकता है।

