नन्हे बच्चों के बीच बिताया समय, व्यवस्थाओं की गुणवत्ता पर दिया विशेष जोर
धमतरी, 3 अप्रैल 2026
जिले के डुबान प्रभावित ग्राम उरपुटी में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र का आज कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा द्वारा औचक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने केंद्र में संचालित विभिन्न गतिविधियों का गहन अवलोकन करते हुए बच्चों को दी जा रही प्रारंभिक शिक्षा, पूरक पोषण आहार, नाश्ता तथा खेल-आधारित शिक्षण पद्धति की गुणवत्ता का जायजा लिया।
अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) श्री पीयूष तिवारी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद वर्षा रानी सहित संबंधित अधिकारी उनके साथ थे ।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने आंगनबाड़ी केंद्र में साफ-सफाई, स्वच्छता व्यवस्था, बच्चों की उपस्थिति एवं अभिलेखों के संधारण की समीक्षा करते हुए व्यवस्थाओं को संतोषजनक पाया।
उन्होंने प्री-स्कूल गतिविधियों के तहत उपलब्ध शिक्षण सामग्री, खिलौनों की उपयोगिता तथा बच्चों की सहभागिता का निरीक्षण कर आवश्यक मार्गदर्शन भी प्रदान किया।
बच्चों के सर्वांगीण विकास को प्राथमिकता देते हुए कलेक्टर ने उनके स्वास्थ्य संबंधी रिकॉर्ड, नियमित वजन मापन एवं पोषण स्तर की जानकारी ली। उन्होंने कुपोषण मुक्त अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश देते हुए कहा कि प्रत्येक बच्चे की स्वास्थ्य स्थिति पर सतत निगरानी रखी जाए
गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को केंद्र में स्वच्छ एवं पर्याप्त पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने, बच्चों को व्यक्तिगत पानी की बोतल रखने के लिए प्रेरित करने तथा साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
साथ ही, उन्होंने बच्चों को नियमित रूप से हाथ धोने और स्वच्छता के प्रति जागरूक करने पर बल दिया।निरीक्षण के दौरान आंगनबाड़ी के नन्हे बच्चों ने कलेक्टर का स्वागत छत्तीसगढ़ का राजगीत “आरपा पैरी के धार” प्रस्तुत कर किया, जिसकी कलेक्टर ने सराहना करते हुए बच्चों का उत्साहवर्धन किया।
इस अवसर पर कलेक्टर ने बच्चों के बीच शिक्षक की भूमिका निभाते हुए उनसे फलों, रंगों एवं जानवरों के नाम पूछे, जिसका बच्चों ने पूरे आत्मविश्वास और उत्साह के साथ उत्तर दिया।कलेक्टर श्री मिश्रा ने बच्चों को खिलौने एवं मिठाइयां वितरित कर उनका मनोबल बढ़ाया।
बच्चों के चेहरों पर खुशी और उत्साह स्पष्ट रूप से झलक रहा था। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की सराहना करते हुए कहा कि डुबान प्रभावित क्षेत्रों में भी इस प्रकार की गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान करना सराहनीय है।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य एवं प्रारंभिक शिक्षा के स्तर को और बेहतर बनाने के लिए सतत प्रयास किए जाएं, ताकि भविष्य में एक स्वस्थ, शिक्षित और सशक्त पीढ़ी का निर्माण सुनिश्चित हो सके।
